अफगानिस्तान पर ता’लि’बान के कब्जे के बाद अब सवाल उठ रहा है कि ता’लि’बान सरकार को कौन देश मान्यता देंगे अमेरिका की तरफ से जो बयान सामने आया है वो चौंकाने वाला है उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा वह ता’लिबा’न सरकार को उसी वक्त मान्यता दे सकते हैं जब वह अपने लोगों के मौलिक अधिकारों का सम्मान करे और आ’तंकवा’दियों को देश से बाहर रखे आपको बता दें रूस चीन पाकिस्तान के बयानों से ऐसा जाहिर होता है की वो ता’लि’बान सरकार को मान्यता देंगे।

अमेरिकी विदेश मंत्री एंथनी ब्लिंकन ने कहा है कि अमेरिका अफगानिस्तान की भावी सरकार को तभी मान्यता देगा जब वह अपने लोगों के मौलिक अधिकारों का सम्मान करे और आतं’कवादि’यों को देश से बाहर रखे उन्होंने कहा ऐसी सरकार को मान्यता नहीं देंगे जो अपने लोगों के मौलिक अधिकारों का सम्मान नहीं करेंगे जो अमेरिका और उसके सहयोगियों के खिलाफ नापाक इरादों वाले आ’तंक’वादी समूहों को शरण देंगे उनका इशारा अलकायदा की तरफ था तो उन पर से न पाबंदी हटाई जाएगी और ना उनकी कोई मदद की जाएगी।

साक्षात्कारकर्ता द्वारा यह पूछे जाने पर कि क्या उनका बयान पहचानने योग्य नहीं है, एंथोनी ब्लैंकेन ने कहा कि संयुक्त राज्य अमेरिका सहित अंतर्राष्ट्रीय समुदाय को आर्थिक, कूटनीतिक, राजनीतिक रूप से हमारे पास मौजूद सभी साधनों का उपयोग करना चाहिए और यह सुनिश्चित करना चाहिए कि वे अपने अधिकारों को बनाए रखें। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि यह सुनिश्चित करने की आवश्यकता है कि यदि ता’लि’बान ऐसा नहीं करते हैं, तो उन्हें उन अधिकारों को बनाए नहीं रखने के लिए स्पष्ट दंड का सामना करना पड़ेगा।