इस्लाम एक ऐसा धर्म है, जिसमें हर छोटी से छोटी चीज की जानकारी दी गई है। इस्लाम में हर रिश्ते को तवज्जो दी गई है। लेकिन सबसे ज्यादा पति पत्नी के रिश्ते की मान्यता है। लेकिन आज हम आपको एक बेवा औरत द्वारा मौलाना से किए गए सवाल के बारे में बताने जा रहे हैं।

आज हम आपके साथ हैं एक ऐसा वाक्य शेयर करने जा रहे हैं। जिस जानकारी शायद किसी ऐसे शख्स की मुसीबत दूर हो जाए। जो इस वक्त ऐसी मुसीबत का सामना कर रहा होगा। दरअसल एक बेवा औरत ने अपनी परेशानी बताते हुए फोन पर मौलाना तारिक मसूद यह सवाल किया कि वह अपने जि’स्मी ख्वाहिश कैसे पूरा करें और वह अपनी तन्हाई को कैसे दूर करें ?

मौलाना तारिक मसूद साहब ने उस बेवा औरत को समझाया कि आप सिर्फ अपनी जि’स्मानी जरूरत को पूरा करने के लिए ही निकाह कर ले। इसमें कोई दूसरा तरीका नहीं है कि जिसकी वजह से आपको इस गु’नाह से बचेंगे।

उन्होंने आगे कहा कि आजकल बेवा औरतों से निकाह करना गलत समझा जाने लगा है। हालांकि ऐसा नहीं होना चाहिए दोस्तों कई सहाबा का वाक्य आता है कि वह कुंवारे थे और शादीशुदा औरतों से निकाह किया और निकाह में उम्र की कोई कैद नहीं है।

खुद हमारे रसूल सल्लल्लाहो वाले वसल्लम ने अपने से दोगुनी बड़ी औरत से शादी की उन्होंने कहा कि बे’वा से निकाह ना करने की वजह से बहुत सारे गु’नाह है जो उभर कर आते है।

लोग बेवा औरत निकाह नहीं करते और वह अपने जि’स्म की ख्वाहिश को पूरा करने के लिए गुनाह करती हैं। बहुत सी ऐसी बेवा औरतें हैं। जो स’माज से ठुकराई हुई हैं और उनसे निकाह करने को कोई तैयार नहीं है और ऐसी ही औरतें गुनाह करने लगती हैं। क्योंकि जब उनकी फ़ि’त्री ख्वा’इश जागती है तो वह उल्टे सीधे काम किया करती हैं।

इसलिए लोगों को यह चाहिए कि वह बेवा औरतों से निकाह करें और हमारे स’माज में बहुत सी ऐसी औरतें हैं जो कि परेशान हैं उनके शहरों का इं’तकाल हो गया है या फिर किसी वजह से उन लोगों का तलाक हो गया तो ऐसे लोगों से शादी करना चाहिए अल्लाह आपको इसका असर कल कयामत में जरूर आता करेगा।