5 राज्यों में विधानसभा चुनाव चल रहे है जिसको लेकर राजनिति पूरी तरह से गरमाई हुई है और इसी बिच कोरोना की लहर भी बाद रही है, कोरोना वायरस की दूसरी लहर देश में बेकाबू होते दिख रही है। इस हफ्ते तीन दिन एक लाख से ज्यादा दैनिक नए मामले सामने आ चुके हैं। ऐसे में चुनाव आयोग भी कोरोना के बढ़ते मामलों को लेकर सख्त हो गया है। विधानसभा चुनाव-2021 के लिए प्रचार कर रहे नेताओं और कार्यकर्ताओं द्वारा कोरोना गाइडलाइन्स का पालन नहीं होने पर चुनाव आयोग ने कड़ी कार्रवाई करने की बात कही है।

चुनाव आयोग ने कहा है कि चुनावी रैलियां और जनसभाओं के दौरान स्टार प्रचारकों, नेताओं और कार्यकर्ताओं को मास्क पहनना अनिवार्य है और इसका गंभीरता से पालन होना चाहिए। विधानसभा चुनाव-2021 में शामिल सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के नेताओं को चुनाव आयोग ने एक पत्र लिखकर बताया है कि वो कैसे कोरोना गाइडलाइन्स का पालन नहीं कर रहे हैं। पत्र में चुनाव आयोग ने स्टार प्रचारकों और नेताओं के मास्क नहीं पहनने की बात का भी जिक्र किया है।

चुनाव आयोग ने अपने पत्र में लिखा है, हाल के कुछ हफ्तों में देखा गया है कि देश में कोरोना वायरस के मामले तेजी से बढ़े हैं। कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच देखा गया है कि चनाव प्रचार के दौरान चुनाव आयोद द्वारा जारी कोविड-19 दिशा-निर्देशों की अवहेलना की गई है। सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क नहीं पहना गया है।

पत्र में आयोग ने लिखा है, स्टार प्रचारक, राजनीतिक नेता, उम्मीदवारों चुनावी सभा के दौरान मंच पर कोविड-19 प्रोटोकॉल का पालन नहीं कर रहे हैं, मास्क नहीं पहन रहे हैं। जनता ऐसी चुनावी सभा में भाग ले रही है, जिसमें कोरोना नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है, जिससे संक्रमण के गंभीर खतरे हो सकते हैं। सिर्फ जनता ही बल्कि राजनीतिक दलों के नेताओं और उम्मीदवारों के भी बड़ी संख्या में संक्रमित होने का खतरा है। चुनाव आोयग ने पत्र में सलाह दी है कि राजनीतिक नेता, उम्मीदवार जो चुनाव प्रचार कर रहे हैं, कोरोना को नियंत्रित करने के लिए अपने सामाजिक कर्तव्य का पालन करें। रैली में खुद भी मास्क पहने और आए लोगों को भी मास्क पहनने के सिए बोलें। सोशल डिस्टेंसिंग और भीड़ को नियंत्रित करने के उपाय भी करें।

पत्र के आखिर में चुनाव आयोग ने साफ-साफ कहा है कि कोरोना नियमों के उल्लंघन होने पर उम्मीदवारों, स्टार प्रचारकों और नेताओं की जनसभाओं और रैलियों पर रोक लगाने में संकोच नहीं किया जाएगा। यह स्पष्ट किया गया है कि आयोग अब निर्देशों की अवहेलना करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करेगा।