अफगानिस्तान में विदेशी फौजियों के निकलने के बाद तालि’बान का अफगानिस्तान में हम’ला तेजी के साथ बढ़ रहा है और वह दर्जनों जिलों पर क’ब्जा कर चुके हैं यहां तक कि अफगानिस्तान के दूसरे सबसे बड़े राज्य कंधार को चारों तरफ से घेरा हुआ है कंधार राज्य के तमाम जिले इस वक्त तालि’बान के क’ब्जे में हैं और कंधार शहर पर कब्जे के लिए कई दिनों से ल’ड़ाई जारी है जबकि अफगानिस्तान से लगी दूसरे देशों की सीमाओं पर तालि’बान का इस वक्त क’ब्जा है।

तुर्की और अमेरिका से बातचीत के बाद तुर्की ने काबुल हवाई अड्डे सु’रक्षा व्यवस्था संभालने की हामी भरी थी लेकिन जिस तरह से अफगानिस्तान में ता’लिबान पूरी ताकत वापसी किए हैं उसको देखते हुए तुर्की के राष्ट्रपति रजब तैयब एर्दोगान की की प’रेशानी बढ़ गई है क्योंकि आपको बता दें इससे पहले भी ता’लिबान ने तुर्की को साफ तौर पर धम’की देते हुए कहा था किसी भी विदेशी सेना को अफगानिस्तान में रुकने नहीं देंगे तालि’बान ने तुर्की से कहा था अपने फैसले पर वह विचार करे ।

अब मिलने वाली खबरों के अनुसार तुर्की राष्ट्रपति रजब तैयब एर्दोगान ने काबुल एयरपोर्ट की सुर’क्षा व्य’वस्था संभालने के लिए अमेरिका से वित्तीय लॉजिस्टिकल और राजनयिक समर्थन मांगा है उत्तरी साइप्रस में आयोजित एक कार्यक्रम में रजब तैयब एर्दोगान ने कहा सबसे पहले अमेरिका को राजनीतिक और कूटनीतिक रिश्तो के मामलों में हमारा पक्ष लेना होगा दूसरी बात वह हमारे लिए पूरा लॉजिस्टिक सपोर्ट मोहय्या कराएं।

उन्होंने कहा इस पूरी प्रक्रिया के दौरान गं’भीर वित्तीय और प्रशासनिक कठि’नाई आने वाली हैं इस बारे में भी अमेरिका को तुर्की की मदद करनी होगी इन शर्तों को अगर पूरा किया जाता है तब तुर्की काबुल एयरपोर्ट की सु’रक्षा की जिम्मेदारी संभाल सकते हैं एरुदुगान ने ता’लिबान की ध’मकी को नजरअंदाज करते हुए कहा था वो अपने भाइयों की जमीन पर क’ब्जा खत्म करना चाहिए एरुदुगान ने ता’लिबान से अपील की है कि दुनिया को अफगानिस्तान में शांति कायम करके दिखाएं