पूर्वी यूपी में सबसे अधिक मुस्लिम जनसंख्या वाला जिला बलरामपुर है , इस जिले में मुस्लिम जनसंख्या 37.8 प्रतिशत है , समाजवादी पार्टी में जिले की तुलसीपुर सीट को लेकर सबसे ज्यादा कशमकश थी कल रात समाजवादी पार्टी अपने उम्मीदवार का एलान कर दिया है.सपा ने यहाँ से मसूद खान को टिकट दिया है.

आपको बता दे तुलसीपुर में सपा ने अब तक केवल मुस्लिम समुदाय को ही टिकट दिया है.इसकी वज़ह तुलसीपुर में मुस्लिम मतदाताओ की बहुलता है.तुलसीपुर विधानसभा में लगभग 3 लाख 65 हजार मतदाता हैं.

मुस्लिम मतदाता की संख्या 131 हजार है इस वज़ह से सपा ने हमेशा मुस्लिम समुदाय के उम्मीदवार को टिकट दिया है.तुलसीपुर विधानसभा में यादव समुदाय 8 प्रतिशत है कुर्मी मतदाताओ की संख्या 5 प्रतिशत है और ब्राह्मण 7 प्रतिशत है.तुलसीपुर में दलित मतदाता 18 प्रतिशत है.

आसान नही है सपा की राह
मुस्लिम मतदाताओ की अच्छी खासी संख्या होने के बाद भी सपा के भाजपा से कड़ी टक्कर दिख रही है इसकी वज़ह मुस्लिम नेताओ में रिजवान ज़हीर और मसूद खान की खेमे बंदी.

हलाकि 2012 में मसूद खान ने पूर्व सांसद रिजवान ज़हीर के भाई सलमान ज़हीर को एक तरफा मुकाबले में हरा चुके है लेकिन 2012 में रिजवान ज़हीर की बेटी जेबा ज़हीर ने कांग्रेस से लड़कर उपविजेता बनी थी और मसूद खान को तीसरे नम्बर पे धकेल कर अपनी ताकत का एहसास कराया था.

सपा से ना के बाद रिज़वान ज़हीर के कदम पर नजर
इस समय रिजवान ज़हीर उनकी बेटी ज़ेबा और दामाद रमीज़ तुलसीपुर के पूर्व चेयरमैंन फिरोज पप्पू की ह/त्याकांड मामले में जेल में बंद है.सपा और मसूद खेमे की अब ज़ेबा रिजवान के अगले कदम पर नजर है.

अगर जेबा रिजवान चुनाव नही लडती है फिर सपा के लिए सीट आसान हो सकती है मगर ऐसी खबरे है जेबा निर्दलीय उतर सकती है अगर जेबा निर्दलीय मैदान में आती है ऐसी स्थिति में मुस्लिम मतदाताओ में बिखराव हो सकता है.

ऐसे में सपा की कोशिश रहेगी कि यादव मतदाता समाजवादी पार्टी को एकमुश्त होकर मिले और कुर्मी समेत अन्य वर्ग के मतदाता भी सपा के साथ जुड़े.